मकर संक्रांति, न केवल सूर्य के मकर राशि में प्रवेश के साथ आती है, बल्कि यह पृथ्वी से दिखाई देने वाली सूर्य की गति में बदलाव का भी प्रतीक है।
अगले 45 दिनों के भीतर आने वाले सूर्य और चंद्र ग्रहणों के साथ मकर संक्रांति 2026 पर ग्रहों के संरेखण का यह सामूहिक परिवर्तन सुनिश्चित करता है कि ये राशियाँ अगले कुछ महीनों में अपना सर्वश्रेष्ठ भाग्य देखेंगी:

