अनुष्ठानों और तकनीकों से परे: ओशो की ध्यान की मौलिक पुनर्परिभाषा |

हर साल 11 दिसंबर को मनाए जाने वाले ओशो के जन्मदिन को ध्यान दिवस – ध्यान का दिन भी कहा जाता है। यह आंतरिक परिवर्तन के विज्ञान पर ओशो के प्रभाव और उनके इस अटूट जोर को दर्शाता है कि ध्यान आध्यात्मिक विकास की धड़कन है। जब उनके प्रेमी ध्यान दिवस मनाते हैं, तो वे … Read more